भारत और रूस के बीच रक्षा सहयोग को नई मजबूती देने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। दोनों देशों ने एक-दूसरे के यहां लगभग 3,000-3,000 सैनिक तैनात करने की योजना पर सहमति जताई है। यह कदम संयुक्त सैन्य अभ्यास और रणनीतिक साझेदारी को और मजबूत करने के उद्देश्य से उठाया जा रहा है।
सूत्रों के अनुसार इस संयुक्त तैनाती में लड़ाकू विमानों की भागीदारी भी शामिल हो सकती है। माना जा रहा है कि इससे दोनों देशों की सैन्य क्षमताओं का साझा अभ्यास होगा और आपसी समन्वय बेहतर होगा। यह सहयोग वैश्विक सुरक्षा परिदृश्य में बदलते हालात के बीच महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
read also: भारत दौरे पर कोरियाई राष्ट्रपति, राष्ट्रपति भवन में स्वागत; राजघाट जाकर महात्मा गांधी को श्रद्धांजलि
विशेषज्ञों का मानना है कि यह पहल भारत-रूस संबंधों को और मजबूत करेगी और रक्षा क्षेत्र में तकनीकी सहयोग को नई दिशा देगी। आने वाले समय में दोनों देशों के बीच और संयुक्त सैन्य अभ्यास और समझौतों की संभावना जताई जा रही है।






