Ration System Rule Change : सार्वजनिक वितरण प्रणाली (पीडीएस) के तहत राशन वितरण व्यवस्था (Ration rules) में इस माह से बड़ा बदलाव लागू कर दिया गया है। अब जिले की सभी उचित मूल्य दुकानों में हितग्राहियों को केवल ई-पॉस मशीन पर बायोमेट्रिक सत्यापन (फिंगरप्रिंट) के बाद ही राशन मिलेगा। मोबाइल ओटीपी के माध्यम से राशन प्राप्त करने की सुविधा को सामान्य रूप से बंद कर दिया गया है।
शासन के इस निर्णय का उद्देश्य राशन वितरण प्रणाली को अधिक पारदर्शी, सुरक्षित और त्रुटिरहित बनाना बताया जा रहा है, ताकि फर्जी लाभार्थियों पर रोक लग सके तथा वास्तविक हितग्राहियों तक ही खाद्यान्न पहुंचे। बता दें कि अब तक जिन हितग्राहियों के फिंगरप्रिंट ई-पॉस मशीन में सत्यापित नहीं हो पाते थे, उन्हें मोबाइल पर प्राप्त ओटीपी के माध्यम से राशन (Ration distribution) उपलब्ध कराया जाता था। नई व्यवस्था लागू होने के बाद ऐसे हितग्राहियों की चिंता बढ़ गई है, क्योंकि अब ओटीपी आधारित वितरण की सुविधा समाप्त कर दी गई है।
विशेष रूप से बुजुर्गों, दिव्यांगजनों तथा ऐसे लोगों के सामने परेशानी खड़ी हो सकती है जिनके फिंगरप्रिंट मशीन में बार-बार मैच नहीं होते। हालांकि अधिकारियों का कहना है कि ऐसे मामलों में शासन से आवश्यक दिशा-निर्देश प्राप्त किए जा रहे हैं। 60 वर्ष से अधिक आयु के बुजुर्ग, 10 वर्ष से कम आयु के बच्चों तथा बायोमेट्रिक सत्यापन (Bio metric verification) में तकनीकी समस्या वाले हितग्राहियों के लिए अलग व्यवस्था बनाए जाने की संभावना पर विचार किया जा रहा है। जून माह तक हितग्राहियों को कई स्थानों पर एकमुश्त तीन माह का चावल वितरित कर दिया गया था। अधिकांश हितग्राही पहले ही अपना खाद्यान्न प्राप्त कर चुके हैं, जिसके कारण वर्तमान में राशन दुकानों में अधिक भीड़ नहीं है।




